पुलिस के अनुसार, यह गैंग दिल्ली के बाहरी इलाकों से अपना नेटवर्क संचालित कर रहा था। छापेमारी के दौरान करीब 20 लाख रुपये नकद, सोना-चांदी, महंगी घड़ियां, 10 अवैध हथियार और कई जिंदा कारतूस बरामद किए गए।
मामले में पुलिस ने कुल 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों में शामिल थे और संगठित तरीके से काम कर रहे थे।
जांच में यह भी पता चला है कि गैंग सट्टा और प्रोटेक्शन मनी के जरिए पैसे जुटाता था और इन्हीं पैसों से हथियार खरीदकर अपने नेटवर्क को मजबूत करता था। पुलिस से बचने के लिए आरोपी कीपैड फोन का इस्तेमाल करते थे।
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान हथियार सप्लाई करने वाले आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है। अधिकारियों का कहना है कि जब्त किए गए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच की जा रही है, जिससे गैंग के अन्य सदस्यों और नेटवर्क का पता लगाया जा सके।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच में जुटी है।

